राष्ट्रीय समसामयिकी: सुप्रीम कोर्ट का धारा 6A पर ऐतिहासिक फैसला और कैबिनेट के बड़े निर्णय
सुप्रीम कोर्ट ने नागरिकता कानून की धारा 6A को संवैधानिक ठहराया, जबकि केंद्रीय कैबिनेट ने रबी फसलों की MSP और महंगाई भत्ते में 3% बढ़ोतरी को मंजूरी दी।
⭐ मुख्य बिंदु
- सुप्रीम कोर्ट की 5-न्यायाधीशों की संविधान पीठ ने 4:1 बहुमत से नागरिकता कानून की धारा 6A की संवैधानिक वैधता को बरकरार रखा।
- धारा 6A असम में नागरिकता तय करने के लिए 25 मार्च 1971 को अंतिम कट-ऑफ तिथि के रूप में निर्धारित करती है।
- अल्पमत का फैसला लिखते हुए न्यायमूर्ति जे.बी. पारदीवाला ने धारा 6A को समयगत अनुचितता के आधार पर असंवैधानिक माना।
- केंद्रीय कैबिनेट ने विपणन सत्र 2025-26 के लिए गेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य ₹150 बढ़ाकर ₹2,425 प्रति क्विंटल कर दिया।
- रबी फसलों में सबसे अधिक ₹300 प्रति क्विंटल की पूर्ण वृद्धि सरसों/तोड़िया (Rapeseed & Mustard) के लिए स्वीकृत की गई।
- केंद्र सरकार के कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए महंगाई भत्ते (DA/DR) में 3% की वृद्धि कर इसे 53% किया गया।
- मंत्रिमंडल ने वाराणसी में गंगा नदी पर ₹2,642 करोड़ के 4-ट्रैक रेल-सह-सड़क पुल के निर्माण को मंजूरी दी।
हाल ही में देश के विधिक और आर्थिक परिदृश्य में कई युगांतरकारी निर्णय लिए गए हैं। एक ओर जहाँ भारत के सर्वोच्च न्यायालय की पाँच-न्यायाधीशों की संविधान पीठ ने असम समझौते से जुड़ी नागरिकता कानून की धारा 6A की संवैधानिक वैधता को बरकरार रखा है, वहीं दूसरी ओर केंद्रीय मंत्रिमंडल ने किसानों और केंद्रीय कर्मचारियों के हित में रबी फसलों के न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) और महंगाई भत्ते (DA) में वृद्धि को स्वीकृति दी है। इसके अतिरिक्त, कनेक्टिविटी सुधार के लिए वाराणसी में गंगा नदी पर नए रेल-सह-सड़क पुल को भी मंजूरी प्रदान की गई है।
1. सुप्रीम कोर्ट का फैसला: नागरिकता अधिनियम की धारा 6A की संवैधानिक वैधता बरकरार
क्या हुआ?
भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) डी.वाई. चंद्रचूड़ की अध्यक्षता वाली पाँच-सदस्यीय संविधान पीठ ने 4:1 के बहुमत से नागरिकता अधिनियम, 1955 की धारा 6A (Section 6A) की संवैधानिक वैधता को सही ठहराया। पीठ में शामिल न्यायमूर्ति सूर्यकांत, न्यायमूर्ति एम.एम. सुंदरेश और न्यायमूर्ति मनोज मिश्रा ने सहमति जताई, जबकि न्यायमूर्ति जे.बी. पारदीवाला ने अल्पमत (dissenting opinion) का निर्णय दिया।
पृष्ठभूमि व प्रमुख प्रावधान
धारा 6A को 1985 में ऐतिहासिक 'असम समझौते' (Assam Accord) के कार्यान्वयन के लिए नागरिकता संशोधन अधिनियम के तहत जोड़ा गया था। इसके तहत असम में प्रवासियों के लिए दो कट-ऑफ तिथियाँ तय की गई थीं:
- 1 जनवरी 1966 से पूर्व: इस तिथि से पहले तत्कालीन पूर्वी पाकिस्तान (वर्तमान बांग्लादेश) से असम आए सभी प्रवासियों को पूर्ण नागरिक माना गया।
- 1 जनवरी 1966 और 24 मार्च 1971 के बीच: इस अवधि में आए लोगों को विदेशी के रूप में चिन्हित कर नागरिकता के लिए पंजीकृत किया जाएगा, किंतु उन्हें पंजीकरण की तिथि से 10 वर्षों तक मतदान का अधिकार नहीं होगा (10 वर्ष बाद मताधिकार मिलेगा)।
- 25 मार्च 1971 के बाद: इस कट-ऑफ के बाद प्रवेश करने वाले सभी व्यक्तियों को अवैध अप्रवासी माना जाएगा और उन्हें निर्वासित किया जाएगा।
परीक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण बिंदु
- संवैधानिक प्रावधान: न्यायालय ने स्पष्ट किया कि संविधान का अनुच्छेद 11 संसद को नागरिकता के अर्जन और समाप्ति तथा उससे संबंधित सभी विषयों पर विधि बनाने की संप्रभु शक्ति देता है। धारा 6A संविधान के अनुच्छेद 14 (समानता का अधिकार), अनुच्छेद 21, अनुच्छेद 29 (संस्कृति की सुरक्षा) और अनुच्छेद 355 का उल्लंघन नहीं करती।
- न्यायमूर्ति पारदीवाला का असहमति मत: उन्होंने इसे 'समयगत अनुचितता' (Temporal Unreasonableness) के आधार पर असंवैधानिक माना, क्योंकि समय बीतने के साथ यह तंत्र अपने मूल उद्देश्य को पूरा करने में अप्रभावी हो गया था।
2. आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति (CCEA): रबी फसलों की MSP और DA में वृद्धि
क्या हुआ?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति (CCEA) ने विपणन सत्र 2025-26 के लिए सभी अनिवार्य रबी फसलों के न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) में वृद्धि को मंजूरी दी है। इसके साथ ही केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के महंगाई भत्ते (DA/DR) में 3% की वृद्धि की गई है।
रबी फसलों की नई एमएसपी दरें (रुपये प्रति क्विंटल)
| फसल | नई MSP (2025-26) | पिछली MSP (2024-25) | वृद्धि (रुपये) | लागत पर लाभ (%) |
|---|---|---|---|---|
| गेहूं (Wheat) | ₹2,425 | ₹2,275 | ₹150 | 105% |
| सरसों/रेपसीड | ₹5,950 | ₹5,650 | ₹300 | 98% |
| मसूर (Lentil) | ₹6,700 | ₹6,425 | ₹275 | 89% |
| चना (Gram) | ₹5,650 | ₹5,440 | ₹210 | 60% |
| जौ (Barley) | ₹1,980 | ₹1,850 | ₹130 | 60% |
| कुसुम (Safflower) | ₹5,940 | ₹5,800 | ₹140 | 50% |
महंगाई भत्ता (Dearness Allowance) और वित्तीय प्रभाव
- केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए DA और DR को मूल वेतन/पेंशन के 50% से बढ़ाकर 53% कर दिया गया है।
- यह वृद्धि 1 जुलाई 2024 से प्रभावी मानी जाएगी, जिससे केंद्र सरकार के लगभग 49.18 लाख कर्मचारियों और 64.89 लाख पेंशनभोगियों को लाभ मिलेगा। राजकोष पर इसका कुल वार्षिक भार ₹9,448.35 करोड़ पड़ेगा।
3. बुनियादी ढांचा: वाराणसी में गंगा नदी पर नया 4-ट्रैक रेल-सह-सड़क पुल
क्या हुआ व महत्व
केंद्रीय मंत्रिमंडल ने उत्तर प्रदेश के वाराणसी में गंगा नदी पर ₹2,642 करोड़ की लागत से बनने वाले नए 4-ट्रैक रेल-कम-रोड (Rail-cum-Road) पुल को मंजूरी दी है। यह परियोजना मौजूदा 137 वर्ष पुराने दो-लेन मालवीय पुल पर दबाव कम करेगी।
- यह परियोजना पंडित दीन दयाल उपाध्याय (DDU) जंक्शन और वाराणसी कैंट/काशी के बीच यातायात की अड़चनों को दूर करेगी, जो उत्तर भारत और पूर्वी भारत को जोड़ने वाला देश का सबसे व्यस्त रेल गलियारा है।
- इसमें 4 रेलवे लाइनें और ऊपर 6-लेन का राजमार्ग शामिल होगा, जो पीएम गति शक्ति राष्ट्रीय मास्टर प्लान के अनुरूप मल्टी-मॉडल कनेक्टिविटी को बढ़ावा देगा।
परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य
| असम समझौता हस्ताक्षर वर्ष | 15 अगस्त 1985 |
|---|---|
| असम में नागरिकता की कट-ऑफ तिथि | 24-25 मार्च 1971 की मध्यरात्रि |
| संसद की नागरिकता संबंधी विधि शक्ति | संविधान का अनुच्छेद 11 |
| गेहूं का नया MSP (RMS 2025-26) | ₹2,425 प्रति क्विंटल |
| संशोधित केंद्रीय महंगाई भत्ता (DA) | मूल वेतन का 53% (3% वृद्धि) |
| वाराणसी रेल-सड़क पुल लागत | ₹2,642 करोड़ |
अभ्यास प्रश्न (MCQ)
👆 सही विकल्प पर क्लिक करें — तुरंत पता चलेगा सही है या गलत।
Q1 अक्टूबर 2024 में सुप्रीम कोर्ट ने नागरिकता अधिनियम, 1955 की धारा 6A की वैधता को किस बहुमत से बरकरार रखा?
Q2 नागरिकता अधिनियम की धारा 6A के अनुसार, असम में विदेशी प्रवासियों के लिए नागरिकता पात्रता की अंतिम कट-ऑफ तिथि क्या है?
Q3 विपणन सत्र 2025-26 के लिए केंद्रीय मंत्रिमंडल द्वारा गेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) कितना निर्धारित किया गया है?
Q4 अक्टूबर 2024 में रबी फसलों की MSP घोषणा में सबसे अधिक पूर्ण मूल्य वृद्धि (Absolute Increase) किस फसल के लिए स्वीकृत की गई?
Q5 भारतीय संविधान का कौन-सा अनुच्छेद संसद को नागरिकता के अधिकार को विधि द्वारा विनियमित करने की शक्ति प्रदान करता है?








