दरभंगा एम्स का मार्ग प्रशस्त, हीमोफीलिया उपचार योजना और 'बिहार की बेटी' स्टार्टअप पहल
बिहार में दरभंगा एम्स के निर्माण, हीमोफीलिया मरीजों को मुफ्त एमीसिजुमैब उपचार तथा महिला उद्यमिता हेतु बिहार की बेटी स्टार्टअप चैलेंज को गति दी गई है।
⭐ मुख्य बिंदु
- दरभंगा के शोभन बाईपास पर 150.13 एकड़ में बिहार के दूसरे एम्स निर्माण की प्रक्रिया तेज हुई।
- दरभंगा एम्स का निर्माण ₹1,260 करोड़ की अनुमानित लागत से 750 बेड क्षमता के साथ किया जा रहा है।
- एम्स दरभंगा से मिथिला, कोशी और तिरहुत प्रमंडलों के अलावा नेपाल सीमावर्ती आबादी को लाभ मिलेगा।
- बिहार में पहला एम्स वर्ष 2012 में पटना के फुलवारीशरीफ में स्थापित हुआ था।
- मुख्यमंत्री हीमोफीलिया योजना के अंतर्गत मरीजों को मुफ्त 'एमीसिजुमैब' थेरेपी उपलब्ध कराई जा रही है।
- हीमोफीलिया एक एक्स-लिंक्ड आनुवंशिक विकार है, जिसमें क्लॉटिंग फैक्टर VIII या IX की कमी होती है।
- ‘बिहार की बेटी स्टार्टअप चैलेंज’ के तहत महिला उद्यमियों को ₹50,000 से ₹2 लाख तक सीड फंडिंग दी जा रही है।
- मुख्यमंत्री सौर प्रोत्साहन योजना के जरिए रूफटॉप सोलर पर अतिरिक्त राज्य अनुदान का प्रावधान किया गया है।
उत्तर बिहार को स्वास्थ्य क्रांति का उपहार: दरभंगा एम्स परियोजना
बिहार में स्वास्थ्य अवसंरचना के क्षेत्र में ऐतिहासिक मील का पत्थर स्थापित करते हुए दरभंगा में अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) के निर्माण कार्य की रूपरेखा को अंतिम रूप दे दिया गया है। राज्य सरकार द्वारा शोभन-एकमी बाईपास के समीप 150.13 एकड़ भूमि केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय को औपचारिक रूप से सौंपे जाने के बाद परियोजना के शिलान्यास की तैयारियां पूरी हो चुकी हैं। यह पटना एम्स के बाद राज्य का दूसरा एम्स होगा, जिसके निर्माण पर लगभग ₹1,260 करोड़ की लागत अनुमानित है।
क्या हुआ और मुख्य विशेषताएं
- अस्पताल की क्षमता: दरभंगा एम्स में 750 बिस्तरों वाला सुपर-स्पेशियलिटी अस्पताल, 100 एमबीबीएस सीटों वाला मेडिकल कॉलेज, 60 सीटों वाला नर्सिंग कॉलेज तथा एक समर्पित आयुष (AYUSH) ब्लॉक शामिल होगा।
- कार्यकारी एजेंसी: परियोजना के सिविल निर्माण का दायित्व एनबीसीसी (NBCC) की अनुषंगी इकाई एचएससीसी (HSCC) को सौंपा गया है, जिसे निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूर्ण करने का लक्ष्य रखा गया है।
- कनेक्टिविटी व पहुंच: यह संस्थान राष्ट्रीय राजमार्ग-27 (ईस्ट-वेस्ट कॉरिडोर) और आमस-दरभंगा ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे से सीधे जुड़ेगा, जिससे उत्तर बिहार के दूरदराज के मरीजों को त्वरित आपातकालीन चिकित्सा सुविधा मिल सकेगी।
परीक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण व पृष्ठभूमि
दरभंगा एम्स की स्थापना की घोषणा केंद्र सरकार द्वारा प्रधानमंत्री स्वास्थ्य सुरक्षा योजना (PMSSY) के चरण-V के अंतर्गत की गई थी। बिहार में पहला एम्स वर्ष 2012 में पटना के फुलवारीशरीफ में क्रियान्वित हुआ था। दरभंगा में दूसरे एम्स की स्थापना से मिथिला, कोशी एवं तिरहुत प्रमंडल के 10 से अधिक जिलों के साथ-साथ पड़ोसी देश नेपाल के तराई क्षेत्रों की एक बड़ी आबादी को विश्वस्तरीय तृतीयक स्वास्थ्य सेवाएं (Tertiary Healthcare) सुलभ होंगी।
बिहार मुख्यमंत्री हीमोफीलिया योजना: मुफ्त एमीसिजुमैब थेरेपी की शुरुआत
बिहार सरकार के स्वास्थ्य विभाग ने राज्य स्वास्थ्य समिति के माध्यम से राज्य के हीमोफीलिया से पीड़ित मरीजों के लिए ‘मुख्यमंत्री हीमोफीलिया योजना’ को धरातल पर उतारा है। इस योजना के तहत राज्य के पंजीकृत हीमोफीलिया मरीजों को जीवनरक्षक ‘एमीसिजुमैब’ (Emicizumab) इंजेक्शन तथा अन्य क्लॉटिंग फैक्टर मुफ्त उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
योजना के प्रमुख प्रावधान
- नि:शुल्क उपचार: बाजार में अत्यधिक महंगी मानी जाने वाली एमीसिजुमैब थेरेपी को सरकारी चिकित्सा महाविद्यालयों व अस्पतालों (MCH) में चिन्हित मरीजों को पूर्णतः निःशुल्क प्रदान किया जाएगा।
- डे-केयर एवं रजिस्ट्री: राज्य के सभी मेडिकल कॉलेजों में विशेष हीमोफीलिया डे-केयर केंद्र स्थापित किए गए हैं तथा मरीजों का एक एकीकृत डिजिटल डेटाबेस तैयार किया जा रहा है।
- होम-डोज़ सुविधा: गंभीर रूप से अक्षम मरीजों के लिए प्रोटोकॉल के तहत प्रशिक्षित स्वास्थ्य कर्मियों द्वारा प्रोफिलैक्सिस (रोगनिरोधी) उपचार की सुविधा दी जा रही है।
स्टैटिक GK व विज्ञान जुड़ाव
हीमोफीलिया (Hemophilia) एक दुर्लभ, आनुवंशिक रक्तस्राव विकार (Genetic Bleeding Disorder) है, जिसमें शरीर में रक्त के थक्के जमने की प्रक्रिया बाधित होती है। यह सामान्यतः एक्स-लिंक्ड अप्रभावी लक्षण (X-linked recessive trait) के रूप में संचरित होता है, जिससे पुरुष सर्वाधिक प्रभावित होते हैं। हीमोफीलिया-ए में ‘फैक्टर VIII’ और हीमोफीलिया-बी में ‘फैक्टर IX’ की कमी होती है। एमीसिजुमैब एक मानव निर्मित मोनोक्लोनल एंटीबॉडी (Monoclonal Antibody) है, जो फैक्टर VIII के कार्य की नकल कर रक्त के थक्के जमाने में मदद करती है।
‘बिहार की बेटी स्टार्टअप चैलेंज’ और हरित ऊर्जा प्रोत्साहन
राज्य में महिला सशक्तिकरण और नवाचार को बढ़ावा देने के उद्देश्य से उच्च शिक्षा विभाग ने ‘बिहार की बेटी स्टार्टअप चैलेंज’ योजना को गति दी है। इसके समानांतर ऊर्जा विभाग ने ‘मुख्यमंत्री सौर प्रोत्साहन योजना’ के तहत अतिरिक्त वित्तीय अनुदान का दायरा बढ़ाया है।
योजनाओं का विवरण
| योजना | नोडल विभाग | मुख्य लाभ / उद्देश्य |
|---|---|---|
| बिहार की बेटी स्टार्टअप चैलेंज | उच्च शिक्षा / उद्योग विभाग | नवोन्मेषी व्यवसाय शुरू करने वाली छात्राओं को ₹50,000 से ₹2 लाख तक का प्रारंभिक सीड फंड (Seed Fund) और इनक्यूबेशन सहायता। |
| मुख्यमंत्री सौर प्रोत्साहन योजना | ऊर्जा विभाग (BREDA) | पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के अतिरिक्त ₹10,000 से ₹20,000 का राज्य टॉप-अप अनुदान। |
महिला उद्यमिता व ऊर्जा आत्मनिर्भरता पर प्रभाव
बिहार स्टार्टअप नीति-2022 के तहत महिलाओं के नेतृत्व वाले उद्यमों को सामान्य से 5 प्रतिशत अधिक वित्तीय सहायता दी जाती है। ‘बिहार की बेटी स्टार्टअप चैलेंज’ से कॉलेजों व विश्वविद्यालयों में अध्ययनरत छात्राओं के विचारों को सीधे व्यावसायिक मंच मिल सकेगा। वहीं, रूफटॉप सोलर पर राज्य सरकार द्वारा दिए जाने वाले अतिरिक्त अनुदान से राज्य में घरेलू सौर ऊर्जा क्षमता और ग्रिड-निर्भरता कम करने में सहायता मिलेगी।
परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य
| दरभंगा एम्स स्वीकृत भूमि | 150.13 एकड़ (शोभन-एकमी बाईपास) |
|---|---|
| दरभंगा एम्स अनुमानित लागत | लगभग ₹1,260 करोड़ |
| बिहार का प्रथम एम्स | एम्स पटना (स्थापना: 2012) |
| हीमोफीलिया थेरेपी दवा | एमीसिजुमैब (Emicizumab) |
| स्टार्टअप सीड फंड (महिला चैलेंज) | ₹50,000 से ₹2 लाख तक |
| नोडल एजेंसी (सौर प्रोत्साहन) | बिहार नवीकरणीय ऊर्जा विकास एजेंसी (BREDA) |
अभ्यास प्रश्न (MCQ)
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Q1 बिहार राज्य में पटना के बाद दूसरे अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) की स्थापना किस जिले में की जा रही है?
Q2 बिहार सरकार की 'मुख्यमंत्री हीमोफीलिया योजना' के अंतर्गत मरीजों को किस आधुनिक मोनोक्लोनल एंटीबॉडी दवा का नि:शुल्क उपचार दिया जा रहा है?
Q3 हीमोफीलिया रोग के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सत्य है?
Q4 उच्च शिक्षण संस्थानों की छात्राओं में नवाचार और स्वरोजगार को प्रेरित करने हेतु बिहार सरकार द्वारा कौन-सी पहल शुरू की गई है?
Q5 बिहार में प्रधानमंत्री स्वास्थ्य सुरक्षा योजना (PMSSY) के तहत पहले एम्स (AIIMS Patna) ने किस वर्ष से कार्य करना शुरू किया था?







