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FSSAI का ‘पनीर’ मसौदा, SC का ‘दुआ’ पर फैसला, DDU-GKY 2.0 से 70,000 युवाओं का प्रशिक्षण

पिछले 24–48 घंटों में राष्ट्रीय महत्व: FSSAI ने ‘पनीर’ लेबलिंग पर मसौदा जारी किया; सुप्रीम कोर्ट ने ‘दुआ’ को धार्मिक वोट माँगना नहीं माना; DDU-GKY 2.0 से 70,000 ग्रामीण युवाओं को प्रशिक्षण।

⭐ मुख्य बिंदु

  • FSSAI ने 24 सितंबर 2026 को ‘पनीर’ लेबलिंग पर मसौदा जारी किया।
  • मसौदा का उद्देश्य गैर-दुग्ध उत्पादों को ‘Paneer’ के रूप में बेचे जाने से रोकना है।
  • SC ने कहा—सिर्फ ‘दुआ’ करना धर्म के नाम पर वोट माँगना नहीं है।
  • SC पीठ: जस्टिस विक्रम नाथ, ए.जी. मसीह, संदीप मेहता; आदेश 24 सितंबर 2026।
  • RPA 1951 की धारा 123(3) में धर्म-आधारित अपील ‘भ्रष्ट आचरण’ मानी जाती है।
  • DDU-GKY 2.0 के तहत अक्टूबर 2026 से 70,000 ग्रामीण युवाओं का प्रशिक्षण होगा।
  • DDU-GKY का फोकस ‘placement-linked’ कौशल प्रशिक्षण और प्रमाणन है।
  • ये तीनों विषय परीक्षा हेतु—नियमन, न्यायिक व्याख्या व सरकारी योजना—महत्वपूर्ण हैं।

FSSAI का मसौदा: ‘Paneer’ शब्द केवल दूध-आधारित उत्पादों के लिए

क्या हुआ

भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (FSSAI) ने 24 सितंबर 2026 को एक मसौदा संशोधन सार्वजनिक किया, जिसके तहत ‘Paneer/पनीर’ शब्द का उपयोग सिर्फ दूध-आधारित उत्पादों के लिए सुनिश्चित करने का प्रस्ताव है। उद्देश्य है कि उपभोक्ता को स्पष्ट, भ्रामक-मुक्त लेबलिंग मिले और गैर-दुग्ध उत्पाद ‘पनीर’ के रूप में बाजार में न आएं। यह एक नियामकीय (regulatory) कदम है, जो मानक-परिभाषा को सुस्पष्ट करता है।

पृष्ठभूमि

FSSAI, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के अंतर्गत एक वैधानिक निकाय है जो खाद्य सुरक्षा/मानक तय करता है। मानक-परिचय (standards of identity) उपभोक्ता संरक्षण एवं निष्पक्ष व्यापार के लिए अहम हैं। इस प्रकार के मसौदे आमतौर पर Food Safety and Standards Act, 2006 के प्रावधानों के तहत अधिसूचित होते हैं और सार्वजनिक टिप्पणियों के बाद अंतिम रूप लेते हैं।

परीक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण

  • नोडल संस्था: FSSAI; क्षेत्र: खाद्य लेबलिंग/मानक।
  • उद्देश्य: ‘पनीर’ शब्द का उपयोग केवल दूध-आधारित उत्पादों तक सीमित—भ्रामक लेबलिंग पर अंकुश।
  • कानूनी आधार: FSS Act, 2006 के अंतर्गत मानकीकरण/अधिसूचना प्रक्रिया।

सुप्रीम कोर्ट: चुनाव में ‘दुआ’ मांगना धार्मिक आधार पर वोट माँगना नहीं

क्या हुआ

सुप्रीम कोर्ट ने 24 सितंबर 2026 को बॉम्बे हाई कोर्ट के उस निर्णय को बरकरार रखा जिसमें कहा गया था कि चुनावी सफलता के लिए ‘दुआ’ (प्रार्थना) करना न तो अनुचित प्रभाव (undue influence) है और न ही धर्म के नाम पर वोट माँगना। जस्टिस विक्रम नाथ, ऑगस्टीन जॉर्ज मसीह और संदीप मेहता की पीठ ने अपील खारिज की।

पृष्ठभूमि

चुनाव संबंधी ‘भ्रष्ट आचरण’ (corrupt practices) की अवधारणा Representation of the People Act, 1951 की धारा 123(3) में है। न्यायालय ने स्पष्ट किया कि सामान्य धार्मिक प्रार्थना स्वयं में इस धारा का उल्लंघन नहीं, जब तक कि उससे मतदाता-आधारित धार्मिक अपील या अनुचित प्रभाव का तत्व प्रमाणित न हो।

परीक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण

  • धारा 123(3), RPA 1951—धर्म/जाति/भाषा आदि के आधार पर वोट माँगना ‘भ्रष्ट आचरण’।
  • निष्कर्ष: सामान्य ‘दुआ’ = धार्मिक पहचान-आधारित प्रत्यक्ष अपील नहीं।
  • संवैधानिक/निर्वाचन कानून, आचार संहिता से जुड़ा समसामयिक न्यायिक व्याख्या।

DDU-GKY 2.0: अक्टूबर 2026 से 70,000 ग्रामीण युवाओं को कौशल प्रशिक्षण

क्या हुआ

ग्रामीण विकास मंत्रालय की एक हालिया पीआईबी विज्ञप्ति के अनुसार, दीनदयाल उपाध्याय-ग्रामीण कौशल्य (कौशल) योजना—DDU-GKY 2.0 के अंतर्गत अक्टूबर 2026 से राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में 70,000 ग्रामीण युवाओं को प्रशिक्षण दिया जाएगा।

पृष्ठभूमि

DDU-GKY, ग्रामीण युवाओं (विशेषकर गरीब परिवारों) के लिए ‘placement-linked’ स्किलिंग कार्यक्रम है जो राज्य ग्रामीण आजीविका मिशनों के माध्यम से कार्यान्वित होता है। 2.0 चरण में उद्योग-संलग्न प्रशिक्षण, प्रमाणन और रोजगार-उन्मुख पाठ्यक्रमों पर जोर है।

परीक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण

  • नोडल मंत्रालय: ग्रामीण विकास मंत्रालय (MoRD)।
  • प्रकृति: Placement-linked skilling—उद्देश्य दीर्घकालीन आजीविका।
  • ताज़ा लक्ष्य: अक्टूबर 2026 से 70,000 प्रशिक्षार्थी।

परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य

FSSAI मसौदा तिथि24 सितंबर 2026 (PIB)
SC ‘दुआ’ फैसला24 सितंबर 2026; अपील खारिज (Bar & Bench)
SC पीठजस्टिस विक्रम नाथ, ऑगस्टीन जॉर्ज मसीह, संदीप मेहता
RPA, 1951 प्रासंगिक धाराधारा 123(3) — corrupt practices
DDU-GKY 2.0 प्रशिक्षण लक्ष्य70,000 ग्रामीण युवा; आरंभ: अक्टूबर 2026 (PIB)

अभ्यास प्रश्न (MCQ)

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Q1 FSSAI के 24 सितंबर 2026 के मसौदे का मुख्य उद्देश्य क्या है?

Q2 सुप्रीम कोर्ट के अनुसार ‘दुआ’ मांगना किस अधिनियम की किस धारा से संबंधित विवाद था?

Q3 ‘दुआ’ मामले में सुप्रीम कोर्ट की पीठ में निम्न में से कौन थे?

Q4 DDU-GKY 2.0 के तहत अक्टूबर 2026 से कितने ग्रामीण युवाओं को प्रशिक्षण का लक्ष्य है?

Q5 DDU-GKY किस मंत्रालय की प्रमुख योजना है?

स्रोत